श्रेष्ठ भाग्य की रेखा खींचने का कलम है

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श्रेष्ठ भाग्य की रेखा खींचने का कलम है श्रेष्ठ कर्म, इसलिए जितना चाहे उतना भाग्य बना.

Category: Brahma Kumaris Slogans

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